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19 December, 2010

देवरिया..मेरी पहचान

पाठक बाबा  
 
 ऐतिहासिक दृष्टि से देवरिया कौशल राज्य का भाग था जनपद के विभिन्न भागों में बहुत सारे पुरातात्विक अवशेष मिले हैं जैसे :- मंदिर, मूर्तियाँ, सिक्के, बौद्धस्तूप, मठ आदि बहुत सारी कथाएँ भी इसकी प्राचीन गतिशील जीवनता को सत्यापित करती हैं कुशीनगर जनपद जो कुछ साल पहले तक देवरिया जनपद का ही भाग था का पौराणिक नाम कुशावती था और भगवान राम के पुत्र कुश यहाँ राज्य करते थे और भगवान बुद्ध की परिनिर्वाण    स्थली भी यही है देवरिया का पौराणिक और ऐतिहासिक महत्व है देवरिया जनपद के रुद्रपुर में प्रसिद्ध प्राचीन शिवलिंग है जो बाबा दुग्धेश्वर के नाम से ग्रंथों में वर्णित है और इस क्षेत्र की जनता जनार्दन इनको बाबा दुधनाथ के नाम से पुकारती है इतिहास की माने तो रुद्रपुर में रुद्रसेन नामक राजा का किला था और इसी कारण यह रुद्रपुर कहलाया पर मेरे विचार से भगवान रुद्र (शिव) की पुरी (नगरी) होने के कारण इसका नाम रुद्रपुर पड़ा होगा सरयू नदी के तट पर बसे बरहज की धार्मिक महत्ता है दूर-दूर से श्रद्धालु यहाँ आते हैं
देवरिया जनपद देवरिया सदर, भाटपार रानी, रुद्रपुर,सलेमपुर और बरहज इन तहसीलों में विभाजित है विकास खंडों की संख्या १६ है:- देवरिया, भटनी, सलेमपुर, भाटपार रानी, बैतालपुर, रुद्रपुर, लार, गौरीबाजार, बनकटा, भागलपुर, देसही देवरिया, भलुवनी, बरहज, रामपुर कारखाना, पथरदेवा और  तरकुलवा
शहीद स्मारक, हनुमान मंदिर, सोमनाथ मंदिर और देवराही मंदिर, चौरी-चौरा, फाजिलनगर और परशुराम धाम आदि यहां के प्रमुख पर्यटन स्थलों में से हैं। उत्तर प्रदेश का यह जिला 2,613 वर्ग किलोमीटर क्षेत्रफल में फैला हुआ है। पहले इस जगह को देवरनया या देवपुरिया के नाम से जाना जाता था, लेकिन बाद में इसका नाम बदलकर देवरिया रख दिया गया। माना जाता है कि यह जगह कौशल राज्य का एक हिस्सा था। इसका उल्लेख रामायण महाकाव् में भी मिलता है। यह क्षेत्र कई वंशों जैसे मौर्य, गुप्त, भार और गढ़वाल आदि के अधीन काफी लम्बे समय तक रहा है। यह जिला कुशीनगर के उत्तर, मऊ एवं बलिया के दक्षिण, गोरखपुर के पश्चिम और गोपालगंज एवं सिवान के पूर्व से घिरा हुआ है।
देवरिया मे एक और प्रसिद्ध स्थान है " देवराहा बाबा का स्थान " जो की लार रोड के पास  स्थित है , देश-विदेश से लोग इस पवित्र स्थान को देखने और बाबा जो समाधी ले लिये हैं के अशीर्वाद प्राप्ति हेतु आते हैं


पंडित नगनारायण पाठक
संजाव, देवरिया
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